मॉस्किटो टोन
17kHz के आस-पास की आवृत्तियाँ उम्र बढ़ने के साथ सुनना कठिन हो जाता है। इसे मॉस्किटो टोन कहते हैं क्योंकि कहा जाता है कि यह सिर्फ़ किशोरों को सुनाई देती है — आवृत्तियाँ बारी-बारी बजाकर देखिए आपकी सीमा कहाँ है।
🔊 आवाज़ ब्राउज़र में ही बनती है। माइक का ऑडियो कभी अपलोड नहीं होता।
15kHzलगभग हर उम्र में सुनाई देता है
16kHzतीस के दशक तक आम तौर पर सुनाई देता है
17kHzबीस के मध्य तक आम तौर पर
18kHzबीस की शुरुआत तक
19kHzकिशोरावस्था के अंत तक
20kHzयह सुनाई देना काफ़ी दुर्लभ है
कोई एक न सुनाई दे तो इसका मतलब नहीं कि कुछ गड़बड़ है। ऊँची आवाज़ पकड़ने वाली कोशिकाएँ पहले घिसती हैं, इसलिए सुनने की ऊपरी सीमा घटना स्वाभाविक है। कई स्पीकर यह दायरा बजा ही नहीं पाते, इसलिए हेडफ़ोन से आज़माइए। आवाज़ पहले से ही सीमित रखी गई है।
यह उपकरण क्या करता है
- 15k से 20kHz चरणों में
- उम्र के हिसाब से सामान्य सीमा
- सुरक्षा के लिए आवाज़ सीमित
- हेडफ़ोन की सलाह
अन्य ध्वनि उपकरण
आवाज़ धीमी से शुरू करें — ऊँची आवृत्तियाँ और तेज़ सुर सुनने की क्षमता को नुकसान पहुँचा सकते हैं।