जंप रिंग कैलकुलेटर
जंप रिंग एक वृत्त है और उसकी मध्य-रेखा का व्यास मैंड्रल और तार का जोड़ है। 6 मिमी मैंड्रल पर 1 मिमी तार से प्रति रिंग 22 मिमी लगते हैं, इसलिए एक मीटर तार से 45 रिंग निकलती हैं। कॉइल में लपेटें तो कॉइल की लंबाई रिंग की गिनती × तार का व्यास होती है — 45 रिंग यानी 45 मिमी की कॉइल, और पहले कॉइल लपेटकर बाद में काटने वाले इसी से मैंड्रल की लंबाई तय करते हैं।
आपके अंक
रिंग
45रिंग
तार की लंबाई
22mm
सूत्र
रिंग = तार की लंबाई × 10 ÷ (π × (मैंड्रल का व्यास + तार का व्यास))
मैंड्रल को तार के व्यास से भाग देने पर एस्पेक्ट रेशियो (AR) मिलता है। क़रीब 4 से नीचे रिंग इतनी कसी होती है कि साफ़ बंद नहीं होती, और चेनमेल के डिज़ाइन AR बताकर चलते हैं, इसलिए किसी एक व्यास को अकेले बदलना बुनावट बिगाड़ देता है। हर कटाई में आरी के ब्लेड की चौड़ाई भी जाती है, इसलिए असली गिनती एक-दो रिंग कम रहती है।
क्या लिखना है
| इनपुट | डिफ़ॉल्ट | स्वीकार्य दायरा |
|---|---|---|
| मैंड्रल का व्यास (mm)मैंड्रल का व्यास; यही रिंग का भीतरी व्यास बनता है। | 6 | 0.5 या ज़्यादा |
| तार का व्यास (mm)तार की मोटाई; यह रिंग के व्यास में दो बार जुड़ती है। | 1 | 0.1 या ज़्यादा |
| तार की लंबाई (सेमी)ज़रूरी तार, छँटाई और बरबादी जोड़ने से पहले। | 100 | 1 या ज़्यादा |
चरण दर चरण
मान के हिसाब से परिणाम
बाक़ी सब वैसा ही रखकर सिर्फ़ मैंड्रल का व्यास (mm) बदलने पर के परिणाम।
| मैंड्रल का व्यास (mm) | रिंग (रिंग) | तार की लंबाई (mm) |
|---|---|---|
| 3 | 79 | 12.6 |
| 4.5 | 57 | 17.3 |
| 6 | 45 | 22 |
| 9 | 31 | 31.4 |
| 12 | 24 | 40.8 |
हर परिणाम का मतलब
| परिणाम | डिफ़ॉल्ट मान पर |
|---|---|
| रिंग (रिंग)कितनी रिंग बनती हैं। | 45 |
| तार की लंबाई (mm)ज़रूरी तार, छँटाई और बरबादी जोड़ने से पहले। | 22 |
आम ग़लतियाँ
मैंड्रल को तार के व्यास से भाग देने पर एस्पेक्ट रेशियो (AR) मिलता है। क़रीब 4 से नीचे रिंग इतनी कसी होती है कि साफ़ बंद नहीं होती, और चेनमेल के डिज़ाइन AR बताकर चलते हैं, इसलिए किसी एक व्यास को अकेले बदलना बुनावट बिगाड़ देता है। हर कटाई में आरी के ब्लेड की चौड़ाई भी जाती है, इसलिए असली गिनती एक-दो रिंग कम रहती है।
शब्दावली
- मैंड्रल का व्यास
- मैंड्रल का व्यास; यही रिंग का भीतरी व्यास बनता है।
- तार का व्यास
- तार की मोटाई; यह रिंग के व्यास में दो बार जुड़ती है।
- तार की लंबाई
- ज़रूरी तार, छँटाई और बरबादी जोड़ने से पहले।
- रिंग
- कितनी रिंग बनती हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. जंप रिंग कैलकुलेटर कैसे निकाला जाता है?
रिंग = तार की लंबाई × 10 ÷ (π × (मैंड्रल का व्यास + तार का व्यास)) — जंप रिंग एक वृत्त है और उसकी मध्य-रेखा का व्यास मैंड्रल और तार का जोड़ है। 6 मिमी मैंड्रल पर 1 मिमी तार से प्रति रिंग 22 मिमी लगते हैं, इसलिए एक मीटर तार से 45 रिंग निकलती हैं। कॉइल में लपेटें तो कॉइल की लंबाई रिंग की गिनती × तार का व्यास होती है — 45 रिंग यानी 45 मिमी की कॉइल, और पहले कॉइल लपेटकर बाद में काटने वाले इसी से मैंड्रल की लंबाई तय करते हैं।
Q. एक उदाहरण से समझाइए।
मैंड्रल का व्यास 6mm, तार का व्यास 1mm, तार की लंबाई 100सेमी पर उत्तर रिंग 45रिंग है।
Q. क्या-क्या लिखना है?
मैंड्रल का व्यास, तार का व्यास, तार की लंबाई लिखें। लिखते ही गणना दोबारा हो जाती है, और ख़ाली खाना शून्य माना जाता है।
Q. कोई अंक बदलूँ तो परिणाम कितना हिलता है?
सिर्फ़ मैंड्रल का व्यास (mm) बदलने पर परिणाम मैंड्रल का व्यास (mm) 3 → रिंग (रिंग) 79 और मैंड्रल का व्यास (mm) 12 → रिंग (रिंग) 24 हो जाता है। नीचे की सारणी में पाँच चरण दिए हैं।
Q. अंक कहाँ तक गोल किए जाते हैं?
रक़म पूरी इकाई तक, प्रतिशत एक दशमलव तक और बाक़ी दो दशमलव तक दिखाए जाते हैं। दिखने वाला अंक गोल किया हुआ है; गणना बिना गोल किए मान से आगे बढ़ती है।
Q. किस बात का ध्यान रखें?
मैंड्रल को तार के व्यास से भाग देने पर एस्पेक्ट रेशियो (AR) मिलता है। क़रीब 4 से नीचे रिंग इतनी कसी होती है कि साफ़ बंद नहीं होती, और चेनमेल के डिज़ाइन AR बताकर चलते हैं, इसलिए किसी एक व्यास को अकेले बदलना बुनावट बिगाड़ देता है। हर कटाई में आरी के ब्लेड की चौड़ाई भी जाती है, इसलिए असली गिनती एक-दो रिंग कम रहती है।
साथ काम आने वाले कैलकुलेटर
हर सामग्री का घनत्व और सोख अलग है। लेबल पर आंकड़ा हो तो वही डालिए — यहाँ के डिफ़ॉल्ट सिर्फ़ आम मान हैं।