कर्ज़ की मासिक किस्त

समान किस्त वाले कर्ज़ में हर किस्त बराबर होती है। शुरू में लगभग पूरी किस्त ब्याज होती है; समय के साथ मूलधन का हिस्सा बढ़ता जाता है।

आपके अंक

मासिक किस्त (EMI)

1,013,371

ब्याज

164,813,423

कुल भुगतान

364,813,423

सूत्र

मासिक किस्त (EMI) = मूलधन × r ÷ (1 − (1 + r) ^ −n), r = वार्षिक दर ÷ 1200

2 करोड़ 4.5% पर 30 साल के लिए लेने पर ब्याज ही 1.6 करोड़ से ऊपर बैठता है। अवधि छोटी करने पर किस्त भारी होती है पर कुल ब्याज बहुत घट जाता है।

क्या लिखना है

इनपुटडिफ़ॉल्टस्वीकार्य दायरा
मूलधनआपका लगाया पैसा — वही आधार जिस पर ब्याज बनता है।200,000,0000 या ज़्यादा
वार्षिक दर (%)सालाना बताई गई ब्याज दर; मासिक दर इसे 12 से भाग देने पर मिलती है।4.50 या ज़्यादा
वर्ष (वर्ष)पैसा कितने साल पड़ा रहता है; यह जितना बड़ा, चक्रवृद्धि उतनी ज़्यादा काटती है।301 या ज़्यादा

चरण दर चरण

सूत्रमासिक किस्त (EMI) = मूलधन × r ÷ (1 − (1 + r) ^ −n), r = वार्षिक दर ÷ 1200
डिफ़ॉल्ट मान रखने परमासिक किस्त (EMI) = 200,000,000 × r ÷ (1 − (1 + r) ^ −n), r = 4.5 ÷ 1200
उत्तरमासिक किस्त (EMI) = 1,013,371

मान के हिसाब से परिणाम

बाक़ी सब वैसा ही रखकर सिर्फ़ मूलधन बदलने पर के परिणाम।

मूलधनमासिक किस्त (EMI)ब्याजकुल भुगतान
100,000,000506,68582,406,712182,406,712
150,000,000760,028123,610,067273,610,067
200,000,0001,013,371164,813,423364,813,423
300,000,0001,520,056247,220,135547,220,135
400,000,0002,026,741329,626,846729,626,846

हर परिणाम का मतलब

परिणामडिफ़ॉल्ट मान पर
मासिक किस्त (EMI)हर महीने आपको जितना देना है।1,013,371
ब्याजउस अवधि में कमाया या देना पड़ा ब्याज।164,813,423
कुल भुगतानआख़िरी किस्त तक जो सब गया — मूलधन और ब्याज।364,813,423

आम ग़लतियाँ

2 करोड़ 4.5% पर 30 साल के लिए लेने पर ब्याज ही 1.6 करोड़ से ऊपर बैठता है। अवधि छोटी करने पर किस्त भारी होती है पर कुल ब्याज बहुत घट जाता है।

शब्दावली

मूलधन
आपका लगाया पैसा — वही आधार जिस पर ब्याज बनता है।
वार्षिक दर
सालाना बताई गई ब्याज दर; मासिक दर इसे 12 से भाग देने पर मिलती है।
वर्ष
पैसा कितने साल पड़ा रहता है; यह जितना बड़ा, चक्रवृद्धि उतनी ज़्यादा काटती है।
मासिक किस्त (EMI)
हर महीने आपको जितना देना है।
ब्याज
उस अवधि में कमाया या देना पड़ा ब्याज।
कुल भुगतान
आख़िरी किस्त तक जो सब गया — मूलधन और ब्याज।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. कर्ज़ की मासिक किस्त कैसे निकाला जाता है?

मासिक किस्त (EMI) = मूलधन × r ÷ (1 − (1 + r) ^ −n), r = वार्षिक दर ÷ 1200 — समान किस्त वाले कर्ज़ में हर किस्त बराबर होती है। शुरू में लगभग पूरी किस्त ब्याज होती है; समय के साथ मूलधन का हिस्सा बढ़ता जाता है।

Q. एक उदाहरण से समझाइए।

मूलधन 200,000,000, वार्षिक दर 4.5%, वर्ष 30वर्ष पर उत्तर मासिक किस्त (EMI) 1,013,371 है।

Q. क्या-क्या लिखना है?

मूलधन, वार्षिक दर, वर्ष लिखें। लिखते ही गणना दोबारा हो जाती है, और ख़ाली खाना शून्य माना जाता है।

Q. कोई अंक बदलूँ तो परिणाम कितना हिलता है?

सिर्फ़ मूलधन बदलने पर परिणाम मूलधन 100,000,000 → मासिक किस्त (EMI) 506,685 और मूलधन 400,000,000 → मासिक किस्त (EMI) 2,026,741 हो जाता है। नीचे की सारणी में पाँच चरण दिए हैं।

Q. अंक कहाँ तक गोल किए जाते हैं?

रक़म पूरी इकाई तक, प्रतिशत एक दशमलव तक और बाक़ी दो दशमलव तक दिखाए जाते हैं। दिखने वाला अंक गोल किया हुआ है; गणना बिना गोल किए मान से आगे बढ़ती है।

Q. किस बात का ध्यान रखें?

2 करोड़ 4.5% पर 30 साल के लिए लेने पर ब्याज ही 1.6 करोड़ से ऊपर बैठता है। अवधि छोटी करने पर किस्त भारी होती है पर कुल ब्याज बहुत घट जाता है।

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