सापेक्ष मूल्यांकन अंक कैलकुलेटर
सबसे सरल कर्व यह है कि सबके अंकों में उतना ही जोड़ या घटा दिया जाए कि औसत वहाँ आ जाए जहाँ होना चाहिए। यह क्रम को छुए बिना केवल पैमाना खिसकाता है, इसीलिए किसी का स्थान नहीं बदलता।
आपके अंक
परिणाम
82अंक
अंक समायोजन
10अंक
बदलाव
13.89%
सूत्र
परिणाम = अंक + (चाहिए औसत − अब तक का औसत)
100 की सीमा ऊपरी हिस्से को दबा देती है। पूर्णांक के पास वाले विद्यार्थी बराबरी पर आ जाते हैं, इसलिए जहाँ शीर्ष को अलग करना हो वहाँ यह कर्व ठीक नहीं बैठता।
क्या लिखना है
| इनपुट | डिफ़ॉल्ट | स्वीकार्य दायरा |
|---|---|---|
| अंक (अंक)असल में मिले अंक — पूर्णांक के साथ रखकर ही इनका मतलब बनता है। | 72 | 0 ~ 100 |
| अब तक का औसत (अंक)अब तक दी गई परीक्षाओं का आपका औसत। | 65 | 0 ~ 100 |
| चाहिए औसत (अंक)सत्र ख़त्म होने पर जो औसत चाहिए। | 75 | 0 ~ 100 |
चरण दर चरण
मान के हिसाब से परिणाम
बाक़ी सब वैसा ही रखकर सिर्फ़ अंक (अंक) बदलने पर के परिणाम।
| अंक (अंक) | परिणाम (अंक) | अंक समायोजन (अंक) | बदलाव (%) |
|---|---|---|---|
| 36 | 46 | 10 | 27.78 |
| 54 | 64 | 10 | 18.52 |
| 72 | 82 | 10 | 13.89 |
| 100 | 100 | 10 | 0 |
हर परिणाम का मतलब
| परिणाम | डिफ़ॉल्ट मान पर |
|---|---|
| परिणाम (अंक)सूत्र जो लौटाता है — यही जवाब इस पन्ने का मक़सद है। | 82 |
| अंक समायोजन (अंक)सबको समान रूप से जोड़े या घटाए जाने वाले अंक। | 10 |
| बदलाव (%)पहले वाले मान के मुक़ाबले कितना हिला। | 13.89 |
आम ग़लतियाँ
100 की सीमा ऊपरी हिस्से को दबा देती है। पूर्णांक के पास वाले विद्यार्थी बराबरी पर आ जाते हैं, इसलिए जहाँ शीर्ष को अलग करना हो वहाँ यह कर्व ठीक नहीं बैठता।
शब्दावली
- अंक
- असल में मिले अंक — पूर्णांक के साथ रखकर ही इनका मतलब बनता है।
- अब तक का औसत
- अब तक दी गई परीक्षाओं का आपका औसत।
- चाहिए औसत
- सत्र ख़त्म होने पर जो औसत चाहिए।
- परिणाम
- सूत्र जो लौटाता है — यही जवाब इस पन्ने का मक़सद है।
- अंक समायोजन
- सबको समान रूप से जोड़े या घटाए जाने वाले अंक।
- बदलाव
- पहले वाले मान के मुक़ाबले कितना हिला।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. सापेक्ष मूल्यांकन अंक कैलकुलेटर कैसे निकाला जाता है?
परिणाम = अंक + (चाहिए औसत − अब तक का औसत) — सबसे सरल कर्व यह है कि सबके अंकों में उतना ही जोड़ या घटा दिया जाए कि औसत वहाँ आ जाए जहाँ होना चाहिए। यह क्रम को छुए बिना केवल पैमाना खिसकाता है, इसीलिए किसी का स्थान नहीं बदलता।
Q. एक उदाहरण से समझाइए।
अंक 72अंक, अब तक का औसत 65अंक, चाहिए औसत 75अंक पर उत्तर परिणाम 82अंक है।
Q. क्या-क्या लिखना है?
अंक, अब तक का औसत, चाहिए औसत लिखें। लिखते ही गणना दोबारा हो जाती है, और ख़ाली खाना शून्य माना जाता है।
Q. कोई अंक बदलूँ तो परिणाम कितना हिलता है?
सिर्फ़ अंक (अंक) बदलने पर परिणाम अंक (अंक) 36 → परिणाम (अंक) 46 और अंक (अंक) 100 → परिणाम (अंक) 100 हो जाता है। नीचे की सारणी में पाँच चरण दिए हैं।
Q. अंक कहाँ तक गोल किए जाते हैं?
रक़म पूरी इकाई तक, प्रतिशत एक दशमलव तक और बाक़ी दो दशमलव तक दिखाए जाते हैं। दिखने वाला अंक गोल किया हुआ है; गणना बिना गोल किए मान से आगे बढ़ती है।
Q. किस बात का ध्यान रखें?
100 की सीमा ऊपरी हिस्से को दबा देती है। पूर्णांक के पास वाले विद्यार्थी बराबरी पर आ जाते हैं, इसलिए जहाँ शीर्ष को अलग करना हो वहाँ यह कर्व ठीक नहीं बैठता।
साथ काम आने वाले कैलकुलेटर
कर की दरें और ब्याज गिनने का तरीक़ा देश और उत्पाद के हिसाब से बदलता है — असली लेन-देन में अपना अनुबंध देखें।